HTTP Ka Full Form क्या है? – HTTP Full Form In Hindi

Published by Saurav Bhagat on

आज के इस पोस्ट में हम जानेगें की HTTP Ka Full Form, HTTP Full Form, HTTP means, HTTP full form in computerHTTP full form in hindi, HTTP क्या है, HTTP की विशेषताएं, HTTP के लाभ, इत्यादि

आपलोगों ने HTTP का नाम तो जरूर सुना होगा और आप सभी ने इसके बारे में कई बार पढ़ा भी होगा, लेकिन क्या आपको HTTP का फुल फॉर्म जानते हैं?

आपने अक्सर एचटीटीपी वर्ड किसी वेबसाइट के नाम के आगे देखा होगा, इंटरनेट पे आपको ऐसे बहुत सारे वेबसाइट मिल जाएंगे जिसका नाम HTTP से ही शुरू होते हैं।

आपको बहुत बार ऐसे भी वेबसाइट देखने को मिलेंगे जिसका नाम HTTPS से शरू होते हैं। और इन दोनों के नाम में केवल थोड़ा सा अंतर है लेकिन इन दोनों में बहुत ही अंतर होता है और यह अंतर को जानने के लिए आप इसे पूरा पढ़े।

आपमें से कई लोगों को HTTP के बारे में जानकारी होगी लेकिन बहुत सारे ऐसे भी लोग होंगे जिन्हें इसके बारे में कुछ भी पता नहीं होगा और बहुत सारे लोगों को HTTP का फुल फॉर्म तक भी पता नहीं होगा।

इसलिए आप इस आर्टिकल शुरू से लेकर अंत तक पूरा पढ़िए ताकि आप HTTP के बारे में सारी बातें जान सकें और अगर आपसे कोई HTTP के बारे में सवाल पूछ लें तो आप उसे सब कुछ आसानी से बता सकें।

तो चलिए जानते हैं की HTTP ka full form क्या होता है और इससे जुड़ी सारी जानकारियाँ।

HTTP Ka Full Form

HTTP Ka Full Form :-

HTTP का फुल फॉर्म “Hyper Text Transfer Protocol” होता है। HTTP को हिंदी में “हाइपरटेक्स्ट ट्रांसफ़र प्रोटोकॉल” बोला जाता है।

HTTP Full Form In Computer :-

HTTP का फुल फॉर्म कंप्यूटर में “Hyper Text Transfer Protocol होता है।

H – Hyper

T – Text

T – Transfer

P – Protocol

◆ What is the full form of HTTP? – Full Form of HTTP is “Hyper Text Transfer Protocol

HTTP Full Form In Hindi :-

HTTP का फुल फॉर्म हिंदी में हाइपरटेक्स्ट ट्रांसफ़र प्रोटोकॉल होता है।

H – Hyper

T – Text

T – Transfer

P – Protocol

HTTP क्या है? (HTTP kya hai) :-

HTTP एक प्रोटोकॉल है, जो Data Communication के लिए इस्तेमाल किया जाता है और यह World Wide Web(WWW) में Data Communication का एक आधार है।

HTTP का मतलब हाइपर टेक्स्ट ट्रांसफर प्रोटोकॉल होता है और यह यूजर को इंटरनेट पर जानकारी का आदान-प्रदान करने में सुविधा प्रदान करता है।

HTTP क्लाइंट सर्वर कंप्यूटिंग मॉडल में एक अनुरोध-प्रतिक्रिया प्रोटोकॉल है और बहुत सारे Websites के द्वारा HTTP का उपयोग किया जा रहा है।

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HTTP के प्रकार (Types of HTTP):-

HTTP मुख्य रूप से तीन प्रकार के होते हैं।

1. HTTP GET

HTTP GET विधि निर्दिष्ट संसाधन के प्रतिनिधित्व का अनुरोध करती है। GET का उपयोग करने वाले अनुरोधों का उपयोग केवल डेटा का अनुरोध करने के लिए किया जाता है।

2. HTTP HEAD

HTTP HEAD विधि उन शीर्षलेखों का अनुरोध करती है जो यदि HEAD अनुरोध के URL के बजाय HTTP GET विधि से अनुरोध किए गए थे, तो उन्हें वापस कर दिया जाएगा।

3. HTTP POST

HTTP POST का उपयोग किसी संसाधन को बनाने/अपडेट करने के लिए सर्वर को डेटा भेजने के लिए किया जाता है।

HTTP कैसे काम करता है?

HTTP संसाधनों को स्थानांतरित करने का एक प्रोटोकॉल है जो यूजर और सर्वर के बीच संचार का एक माध्यम बनता है।

HTTP एजेंट उपयोगकर्ता का ब्राउज़र एक उपयोगकर्ता एजेंट के माध्यम से खोला जाता है और एक कनेक्शन अनुरोध संदेश HTTP सर्वर को भेजा जाता है।

सर्वर में सभी फाइलें स्टोर रहती हैं और क्लाइंट के अनुरोध के अनुसार ही सर्वर क्लाइंट को रिस्पॉन्स करता है।

एक बार प्रतिक्रिया देने के बाद वेब सर्वर कनेक्शन बंद कर देता है, इस प्रकार के कनेक्शन को स्टेटलेस के रूप में जाना जाता है, और यह केवल डेटा एक्सचेंज की अवधि के लिए मौजूद रहता है।

यूजर को जिस फ़ाइल की आवश्यकता होती है, उसका अनुरोध वह सर्वर को बताता है और सर्वर उस फ़ाइल को खोजने के बाद यूजर को भेजने का अनुमति देता है।

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HTTP की विशेषताएं :-

  • यह एक प्रोटोकॉल है जो वेब सर्वर और ब्राउज़र को वेब पर डेटा का आदान-प्रदान करने की अनुमति देता है।
  • यह टीसीपी पोर्ट 80 पर डिफ़ॉल्ट रूप से विश्वसनीय टीसीपी कनेक्शन का उपयोग करता है।
  • यह स्टेटलेस है यानी की इसके प्रत्येक अनुरोध को नया अनुरोध माना जाता है। अगर दूसरे शब्दों में कहा जाए तो सर्वर उपयोगकर्ता को नहीं पहचानता है।
  • किसी भी प्रकार की मीडिया सामग्री HTTP द्वारा तब तक भेजी जा सकती है जब तक की सर्वर और क्लाइंट दोनों डेटा सामग्री को संभाल सकते हैं।
  • यह कनेक्शनलेस है यानी HTTP क्लाइंट(ब्राउज़र) HTTP अनुरोध शुरू करता है और अनुरोध भेजे जाने के बाद क्लाइंट सर्वर से डिस्कनेक्ट हो जाता है और प्रतिक्रिया की इंतज़ार करता है।

HTTP और HTTPS में क्या अंतर है?

  • HTTP एक प्रोटोकोल है, जो पूरी तरह से सुरक्षित नहीं होती है जिस वजह से डाटा की चोरी आसानी से की जा सकती है। HTTPS पूरी तरह से सुरक्षित है, क्यूंकि इसमें एन्क्रिप्शन विधि का इस्तेमाल की जाती है जिस वजह से इसमें डाटा की चोरी होना असंभव है।
  • HTTP प्रॉक्सी सर्वर HTTP connection port 80 को सपोर्ट करता है और HTTPS प्रॉक्सी सर्वर SSL कनेक्शन पोर्ट 443 का सपोर्ट करता है।
  • HTTP का URL http:// वर्ड से शुरू होती है और HTTPS का URL https:// वर्ड के साथ शुरू होती है।
  • HTTP के लिए किसी Certificate की जरुरत नहीं पड़ती है लेकिन HTTPS के लिए SSL Certificate की जरुरत पड़ती है।
  • HTTP का इस्तेमाल सामन्य information वाली वेबसाइट करती हैं जहाँ पैसे की कोई लेन-देन नहीं होती है लेकिन HTTPS का इस्तेमाल ऑनलाइन बैंकिंग, ऑनलाइन शॉपिंग, और कई सारे वेबसाइट पे की जाती है जहाँ पैसे की लेन देन होती है।

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HTTP के फायदे :-

  • HTTP एक साथ कम कनेक्शन के कारण मेमोरी और सीपीयू का उपयोग कम करता है।
  • HTTP अनुरोध या प्रतिक्रिया के HTTP पाइप-लाइनिंग की अनुमति देता है।
  • HTTP में प्रत्येक फाइल अलग-अलग कनेक्शन से डाउनलोड होती है और फिर खुद बंद भी हो जाती है।
  • जब कनेक्शन स्थापित हो जाती है तो उसके बाद ही HTTP में हैंडशेकिंग की प्रक्रिया होती है।
  • जब पेज को पहली बार लोड होती है, तो सभी HTTP पेज इंटरनेट cache में स्टोर हो जाते हैं जिन्हें page cache कहा जाता है। इसलिए, अगर आप एक बार उसी पेज पे दोबारा जाते हैं तो पेज जल्दी लोड हो जाती है।

HTTP के नुकसान :-

  • HTTP उतनी सुरक्षित नहीं होता है, क्योंकि यह किसी भी एन्क्रिप्शन विधि का इस्तेमाल नहीं करता है।
  • HTTP किसी भी डेटा का वास्तविक आदान-प्रदान नहीं करता है, क्योंकि यह सुरक्षित नहीं होती है।
  • HTTP को संचार स्थापित और डेटा स्थानांतरित करने के लिए उच्च शक्ति की आवश्यकता होती है।
  • HTTP कनेक्शन में गोपनीयता एक बहुत बड़ी समस्या हैं जिस वजह से डाटा चोरी होने की संभावना रहती है।
  • एक वेब पेज को प्रसारित करने के लिए HTTP को कई कनेक्शन बनाने की आवश्यकता पड़ती है, जिस वजह से यह कनेक्शन में प्रशासनिक ऊपरी का कारण बनता है।

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HTTP के अन्य फुल फॉर्म :-

Short FormFull Form
HTTP Head To This Page
HTTP Hyper Terminal Tracing Program
HTTP High-Temperature Thermoplastic
HTTP Head To The Pool
HTTP Home Tested Tried Page
HTTP Handle The Teapots Properly
HTTP Hydrated Terphenyls
HTTP Hindi Trendy Totable Pocket

आज आपने क्या सीखा :-

आज के इस आर्टिकल में हमनें  HTTP के बारे में बहुत कुछ जाना है, हमने HTTP Full Form, HTTP ka full form, full form of HTTP, HTTP means, HTTP full form in computerHTTP full form in hindi, HTTP क्या है, HTTP की विशेषताएं, HTTP के लाभ, इत्यादि के बारे में बात किया है।

मुझे उम्मीद है की इस आर्टिकल में बतायी गयी सारी बातें आपको अच्छी लगी होगीं और सब कुछ समझ आ गया होगा। इस आर्टिकल को पढ़ने के बाद आपको के बारे में सब कुछ पता चल गया होगा।

अगर आप मुझसे HTTP से रिलेटेड कोई सवाल पूछना चाहते हैं तो नीचे comment कर के पूछ सकते हैं और अगर कोई सुझाब हो तो भी आप बता सकते हैं।

अगर हमारा यह आर्टिकल अच्छा लगा हों तो आप अपने सोशल मीडिया प्लैटफॉर्म्स और अपने दोस्तों के साथ जरूर शेयर करें।


Saurav Bhagat

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